Class 8 SST Chapter 2 ncert Solution - भारत के राजनैतिक मानचित्र का पुनर्निर्माण
अध्याय 2 : भारत के राजनीतिक मानचित्र का पुनर्निर्माण
प्रश्न 1: मध्यकाल (11वीं से 17वीं शताब्दी) में भारत के राजनीतिक मानचित्र में क्या परिवर्तन हुए?
उत्तर: इस काल में विदेशी आक्रमणों और नए राजवंशों के उदय से भारत की सीमाएँ बार-बार बदलीं। दिल्ली सल्तनत, विजयनगर और बहमनी जैसे नए राज्यों का उदय हुआ, जिससे राजनीतिक नक्शा नया रूप लेता रहा।
प्रश्न 2: दिल्ली सल्तनत की स्थापना कैसे हुई?
उत्तर: 1192 में पृथ्वीराज चौहान की हार के बाद दिल्ली सल्तनत की स्थापना हुई। इस पर तुर्क-अफगान शासकों के पाँच प्रमुख वंशों (ममलुक, खिलजी, तुगलक, सैयद, लोदी) ने शासन किया।
प्रश्न 3: सल्तनत काल की प्रमुख विशेषताएँ क्या थीं?
उत्तर: सल्तनत काल की प्रमुख विशेषताएं:
- राजनीतिक अस्थिरता
- बार-बार युद्ध और विस्तार
- सत्ता के लिए संघर्ष
- लूट और कर वसूली
- राजधानी दिल्ली का महत्व
प्रश्न 4: अलाउद्दीन खिलजी की प्रमुख उपलब्धियाँ क्या थीं?
उत्तर: अलाउद्दीन खिलजी की प्रमुख उपलब्धियाँ–
- उत्तर और मध्य भारत में विस्तार
- मंगोल आक्रमणों को रोका
- दक्षिण भारत तक अभियान भेजे
- सेना को मजबूत बनाया
प्रश्न 5: मुहम्मद बिन तुगलक की नीतियाँ क्यों असफल हुईं?
उत्तर: उसकी योजनाएँ अच्छी थीं, लेकिन सही तरीके से लागू नहीं की गईं, जैसे:
- राजधानी को दिल्ली से दौलताबाद ले जाना
- तांबे के सिक्कों को चाँदी के बराबर मानना इनसे जनता को कठिनाई हुई और अर्थव्यवस्था बिगड़ गई।
प्रश्न 6: ‘जजिया कर’ क्या था?
उत्तर: यह कर गैर-मुस्लिम लोगों से लिया जाता था, बदले में उन्हें सुरक्षा और सैन्य सेवा से छूट दी जाती थी।
प्रश्न 7: तैमूर के आक्रमण का क्या प्रभाव पड़ा?
उत्तर: तैमूर के आक्रमण के परिणामस्वरूप –
- दिल्ली को भारी नुकसान हुआ
- बड़ी संख्या में लोगों की हत्या और लूट
- समाज में अराजकता फैल गई
- सल्तनत कमजोर हो गई
प्रश्न 8: क्या कारण था कि दिल्ली सल्तनत को बार-बार विद्रोहों का सामना करना पड़ा?
उत्तर: दिल्ली सल्तनत में विद्रोह के कारण:
- शासकों के बीच सत्ता के लिए संघर्ष होता था।
- प्रांतों के सूबेदार (गवर्नर) स्वतंत्र होना चाहते थे।
- जनता पर अधिक कर लगाए जाते थे।
- प्रशासन पूरी तरह मजबूत नहीं था।
प्रश्न 9: विजयनगर साम्राज्य की स्थापना कैसे हुई?
उत्तर: 14वीं सदी में हरिहर और बुक्का ने दिल्ली सल्तनत के खिलाफ विद्रोह कर विजयनगर साम्राज्य की स्थापना की।
प्रश्न 10: दक्षिण भारत में विजयनगर जैसे शक्तिशाली राज्य कैसे उभरे?
उत्तर:
- दिल्ली सल्तनत का प्रभाव दक्षिण में कम था
- स्थानीय शासकों ने मिलकर मजबूत राज्य बनाए
- व्यापार और संसाधनों की प्रचुरता थी
- सेना मजबूत थी
प्रश्न 11: कृष्णदेवराय का महत्व क्या था?
उत्तर:
- विजयनगर का सबसे महान शासक
- साम्राज्य का विस्तार किया
- साहित्य और कला को बढ़ावा दिया
- अच्छे शासन के लिए प्रसिद्ध
प्रश्न 12: तालीकोटा के युद्ध का क्या परिणाम हुआ?
उत्तर: 1565 में दक्कन सल्तनतों ने मिलकर विजयनगर को हराया। इसके बाद:
- शहर को नष्ट कर दिया गया
- साम्राज्य कमजोर होकर टूट गया
प्रश्न 13: बहमनी सल्तनत क्या थी?
उत्तर: यह दक्कन क्षेत्र की एक शक्तिशाली सल्तनत थी, जो बाद में पाँच छोटे राज्यों में बँट गई।
प्रश्न 14: मुगल साम्राज्य की शुरुआत कैसे हुई?
उत्तर: 1526 में बाबर ने पानीपत का युद्ध जीतकर मुगल साम्राज्य की स्थापना की।
प्रश्न 15: अकबर की नीतियाँ क्यों महत्वपूर्ण थीं?
उत्तर:
- सभी धर्मों को सम्मान दिया
- प्रशासन को संगठित किया
- राजपूतों से अच्छे संबंध बनाए
- इससे साम्राज्य मजबूत और स्थिर हुआ।
प्रश्न 16: बंदरगाह नगर व्यापार के लिए क्यों महत्वपूर्ण थे?
उत्तर:
- समुद्री रास्ते से व्यापार आसान होता था
- विदेशी व्यापारी यहाँ आते थे
- वस्तुओं का आयात-निर्यात होता था
- इससे राज्य को अधिक आय (राजस्व) मिलता था।
प्रश्न 17: अहोम राज्य लंबे समय तक स्वतंत्र कैसे बना रहा?
उत्तर:
- घने जंगल और नदियाँ सुरक्षा देती थीं
- मजबूत और प्रशिक्षित सेना थी
- स्थानीय लोगों का समर्थन था
- शासकों की अच्छी रणनीति थी
प्रश्न 18: ‘पाइक प्रणाली’ ने अहोमों को कैसे मदद की?
उत्तर: हर सक्षम व्यक्ति से सेना या श्रम लिया जाता था, इससे स्थायी सेना के बिना बड़ी त्वरित सेना बनती थी। लोग भूमि अधिकार के बदले सेवा करते थे, जिससे राजकोष पर बोझ कम पड़ता था।
प्रश्न 19: अलाउद्दीन खिलजी ने स्वयं को ‘द्वितीय सिकंदर’ क्यों कहा?
उत्तर: उसने उत्तर व दक्षिण भारत में बड़े सैन्य अभियान चलाए, मंगोलों को हराया, कई राज्यों को लूटा। वह सिकंदर की तरह विजेता बनना चाहता था। इसलिए उसने स्वयं को द्वितीय सिकंदर कहा।
प्रश्न 20: हूँडी प्रणाली क्या थी?
उत्तर: यह एक लिखित आदेश था जिससे बिना सिक्के ले जाए सीमाओं के पार धन हस्तांतरित किया जा सकता था – आधुनिक बैंकिंग का अग्रदूत।
NCERT आधारित प्रश्न:
प्रश्न 1: दिल्ली सल्तनत और मुगल साम्राज्य की राजनीतिक रणनीतियों की तुलना कीजिए। इनमें क्या समानताएँ और भिन्नताएँ थीं?
उत्तर: समानताएँ:
- दोनों ने अपने साम्राज्य को बढ़ाने के लिए युद्ध किए।
- दोनों में राजा के हाथ में पूरी शक्ति होती थी।
- दोनों ने कर (टैक्स) वसूले और सेना को मजबूत रखा।
- दिल्ली सल्तनत में अक्सर अस्थिरता और सत्ता के लिए संघर्ष होते थे, जबकि मुगल शासन अधिक स्थिर था।
- मुगलों ने प्रशासन को बेहतर ढंग से संगठित किया (जैसे अकबर की नीतियाँ)।
- मुगलों ने विभिन्न धर्मों के लोगों को साथ लेकर चलने की नीति अपनाई, जबकि सल्तनत में कभी-कभी भेदभाव देखा गया।
प्रश्न 2: विजयनगर साम्राज्य और अहोम साम्राज्य जैसे अन्य राज्य अधिक समय तक पराजित होने से कैसे बच सके?
उत्तर: इन राज्यों की सफलता के कारण:
भौगोलिक कारण:
- पहाड़, जंगल और नदियाँ रक्षा में मदद करते थे।
- दुश्मन के लिए वहाँ पहुँचना कठिन था।
- मजबूत और प्रशिक्षित सेना
- स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार युद्ध करना
- जनता का समर्थन
- शासकों और लोगों के बीच अच्छा संबंध
प्रश्न 3: कल्पना कीजिए कि आप अकबर या कृष्णदेवराय के दरबार में एक विद्वान हैं।
उत्तर:
प्रिय मित्र,
नमस्कार। मैं यहाँ राजा के दरबार में विद्वान के रूप में कार्य कर रहा हूँ। यहाँ की राजनीति बहुत संगठित और मजबूत है। राजा न्यायप्रिय है और सभी लोगों की बात सुनता है।
यहाँ व्यापार बहुत विकसित है। दूर-दूर से व्यापारी आते हैं और वस्तुओं का आदान-प्रदान करते हैं।
संस्कृति भी बहुत समृद्ध है। संगीत, नृत्य, साहित्य और कला को बढ़ावा दिया जाता है।
समाज में विभिन्न धर्मों और जातियों के लोग मिल-जुलकर रहते हैं।
यहाँ का जीवन बहुत समृद्ध और रोचक है।
तुम्हारा मित्र
प्रिय मित्र,
नमस्कार। मैं यहाँ राजा के दरबार में विद्वान के रूप में कार्य कर रहा हूँ। यहाँ की राजनीति बहुत संगठित और मजबूत है। राजा न्यायप्रिय है और सभी लोगों की बात सुनता है।
यहाँ व्यापार बहुत विकसित है। दूर-दूर से व्यापारी आते हैं और वस्तुओं का आदान-प्रदान करते हैं।
संस्कृति भी बहुत समृद्ध है। संगीत, नृत्य, साहित्य और कला को बढ़ावा दिया जाता है।
समाज में विभिन्न धर्मों और जातियों के लोग मिल-जुलकर रहते हैं।
यहाँ का जीवन बहुत समृद्ध और रोचक है।
तुम्हारा मित्र
प्रश्न 4: अकबर, जो अपनी युवावस्था में एक क्रूर विजेता था, कुछ वर्षों बाद कैसे सहिष्णु और दयालु हो गया?
उत्तर: अकबर युवावस्था में अपने साम्राज्य के विस्तार के लिए युद्ध करता था, इसलिए वह कठोर और क्रूर दिखाई देता था। लेकिन समय के साथ उसमें बदलाव आया और वह सहिष्णु व दयालु शासक बन गया।
इस परिवर्तन के मुख्य कारण थे— शासन का अनुभव, बुद्धिमान सलाहकारों का प्रभाव, विभिन्न धर्मों के लोगों से संपर्क, और जनता का समर्थन प्राप्त करने की इच्छा।
इन्हीं कारणों से अकबर ने सभी धर्मों के प्रति सम्मान और समानता की नीति अपनाई।
प्रश्न 5: यदि विजयनगर साम्राज्य तालीकोटा का युद्ध जीत जाता तो क्या होता?
उत्तर: यदि विजयनगर साम्राज्य तालीकोटा का युद्ध जीत जाता, तो दक्षिण भारत में उसकी सत्ता और मजबूत हो जाती।
- राजनीतिक रूप से स्थिरता बनी रहती और दक्कन के सुल्तानों की शक्ति कम हो जाती।
- सांस्कृतिक रूप से कला, स्थापत्य, मंदिर निर्माण और परंपराओं का अधिक विकास होता।
प्रश्न 6: प्रारंभिक सिख पंथ द्वारा प्रचारित अनेक मूल्य आज भी प्रासंगिक हैं।
उत्तर: मैं समानता के मूल्य का चयन करता हूँ।
- सिख धर्म में समानता का अर्थ है कि सभी लोग जाति, धर्म, लिंग या धन के आधार पर बराबर हैं।
- आज के समाज में भी यह बहुत प्रासंगिक है क्योंकि अभी भी कई जगह भेदभाव देखा जाता है। समानता का सिद्धांत लोगों को एक-दूसरे का सम्मान करना सिखाता है और समाज में एकता बढ़ाता है।
- इस प्रकार समानता का मूल्य आज भी एक न्यायपूर्ण और शांतिपूर्ण समाज बनाने में बहुत महत्वपूर्ण है।
प्रश्न 7: कल्पना कीजिए कि आप किसी बंदरगाह नगर (सूरत, कालीकट या हुगली) में एक व्यापारी हैं।
उत्तर: मैं एक बंदरगाह नगर में व्यापारी हूँ। यहाँ हर समय बहुत चहल-पहल रहती है।
- बड़े-बड़े जहाज समुद्र से आते-जाते रहते हैं।
- अलग-अलग देशों के व्यापारी यहाँ व्यापार करने आते हैं।
- बाजार में मसाले, कपड़े, कीमती पत्थर और कई अन्य वस्तुएँ बिकती हैं।
- मजदूर सामान को जहाजों से उतारते और चढ़ाते हैं।
- यहाँ विभिन्न भाषाएँ और संस्कृतियाँ देखने को मिलती हैं।
- यह स्थान व्यापार और संस्कृति का महत्वपूर्ण केंद्र है।
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