Class 6 sst chapter 6 New NCERT Question Answer - भारतीय सभ्यता का प्रारंभ
Chapter 06 : भारतीय सभ्यता का प्रारंभ
प्रश्न: सभ्यता क्या है?
उत्तर: सभ्यता का अर्थ है — मनुष्यों का उन्नत समाज, जहाँ लोग एक स्थान पर बसकर शासन, नगर योजना, लेखन, व्यापार, कला और संस्कृति जैसे कार्य करते हैं।
प्रश्न: भारतीय उपमहाद्वीप की आरंभिक सभ्यता कौन-सी थी?
उत्तर: भारतीय उपमहाद्वीप की सबसे प्राचीन सभ्यता हड़प्पा या सिंधु-सरस्वती सभ्यता थी।
प्रश्न: हड़प्पा सभ्यता की मुख्य विशेषताएँ क्या थीं?
उत्तर:
- सुनियोजित नगर
- जल निकास व्यवस्था
- ईंटों के मकान
- महा स्नानागार और गोदाम
- व्यापार और लेखन प्रणाली
- कला और मूर्तिकला का विकास
प्रश्न: हड़प्पा सभ्यता के प्रमुख नगर कौन-कौन से थे?
उत्तर: हड़प्पा सभ्यता के प्रमुख नगर थे –
- हड़प्पा (पाकिस्तान)
- मोहनजो-दड़ो (पाकिस्तान)
- धौलावीरा (गुजरात)
- राखीगढ़ी (हरियाणा)
- कालीबंगा (राजस्थान)
- लोथल (गुजरात)
प्रश्न: हड़प्पावासी क्या खाते थे?
उत्तर: वे गेहूँ, जौ, बाजरा, दालें, सब्जियाँ और फल खाते थे। वे दूध, मछली और मांस का भी उपयोग करते थे।
प्रश्न: हड़प्पावासी क्या पहनते थे?
उत्तर: वे कपास और ऊन से बने कपड़े पहनते थे। पुरुष धोती और स्त्रियाँ लम्बा वस्त्र पहनती थीं, आभूषण भी पहनते थे।
प्रश्न: हड़प्पावासी जल प्रबंधन कैसे करते थे?
उत्तर: उनके नगरों में कूएँ, तालाब और जल निकास की शानदार व्यवस्था थी। धौलावीरा में बड़े जलाशय बनाए गए थे।
प्रश्न: हड़प्पा सभ्यता के व्यापार के बारे मे बताइए।
उत्तर:
- हड़प्पावासी स्थल और समुद्री मार्गों से व्यापार करते थे।
- लोथल में एक बंदरगाह था।
- मुहरों का उपयोग व्यापार में पहचान के लिए होता था।
- वे सोना, ताँबा, मोती, कपड़ा, और हस्तशिल्प वस्तुएँ भारत के अंदर और बाहर (ओमान, ईरान आदि देशों तक) बेचते थे।
प्रश्न: हड़प्पा सभ्यता के पतन के क्या कारण थे?
उत्तर:
- नदियों का सूखना (जैसे सरस्वती)
- जलवायु परिवर्तन और सूखा
- खेती में कमी
- लोग ग्रामीण जीवन में लौट गए।
प्रश्न: हड़प्पा सभ्यता को “भारत का पहला नगरीकरण” क्यों कहा जाता है?
उत्तर: क्योंकि पहली बार लोगों ने बड़े और योजनाबद्ध नगर बसाए जिनमें सड़कें, जल निकास, मकान और प्रशासन था।
प्रश्न: “महास्नानागार” क्या था?
उत्तर: मोहनजो-दड़ो में बना एक बड़ा स्नानघर, जहाँ लोग संभवतः धार्मिक या सामाजिक स्नान करते थे।
प्रश्न: हड़प्पा के लोग मनोरंजन के लिए क्या करते थे?
उत्तर: वे खिलौने बनाते, खेल खेलते, संगीत और नृत्य का आनंद लेते थे।
प्रश्न: हड़प्पा सभ्यता की सांस्कृतिक विशेषताएँ क्या थीं?
उत्तर:
- मुहरों पर जानवरों के चित्र और लेखन के संकेत।
- मूर्तियाँ, जैसे "नर्तकी" की कांस्य प्रतिमा।
- आभूषण और चूड़ियाँ पहनने का चलन।
- स्नानागार और जल प्रबंधन की उन्नत व्यवस्था।
NCERT अभ्यास प्रश्न:
प्रश्न 1. इस अध्याय में अध्ययन की गई सभ्यता के अनेक नाम क्यों हैं? इनके महत्व पर विचार कीजिए।
उत्तर: इस सभ्यता को कई नाम दिए गए हैं —
- हड़प्पा सभ्यता (क्योंकि सबसे पहले हड़प्पा नगर मिला।)
- सिंधु सभ्यता (क्योंकि यह सिंधु नदी के किनारे फैली थी।)
- सिंधु-सरस्वती सभ्यता (क्योंकि सरस्वती नदी के क्षेत्र में भी इसके अवशेष मिले हैं।)
प्रश्न 2. सिंधु-सरस्वती सभ्यता की उपलब्धियों का सार देते हुए संक्षिप्त रिपोर्ट (150–200 शब्दों में) लिखिए।
- सिंधु-सरस्वती सभ्यता विश्व की सबसे प्राचीन सभ्यताओं में से एक थी। इसके नगर जैसे हड़प्पा, मोहनजोदड़ो, धौलावीरा और लोथल बहुत सुनियोजित थे।
- इनमें चौड़ी सड़कें, जल निकास व्यवस्था, ईंटों के मकान, किलेबंदी और गोदाम थे।
- लोग खेती-बाड़ी करते थे और गेहूँ, जौ, बाजरा जैसी फसलें उगाते थे।
- वे व्यापार में भी निपुण थे — भारत और विदेशी सभ्यताओं से वस्तुओं का आदान-प्रदान करते थे।
- उनके पास लेखन प्रणाली, आभूषण बनाने की कला और मूर्तिकला का भी ज्ञान था।
- वे सफाई और जल प्रबंधन को बहुत महत्व देते थे।
- यह सभ्यता शांतिप्रिय और संगठित समाज का उदाहरण थी।
प्रश्न 3. कल्पना कीजिए कि आपको हड़प्पा से कालीबंगा तक यात्रा करनी है। आपके पास विभिन्न विकल्प क्या हैं? क्या आप प्रत्येक विकल्प में लगने वाले समय का अनुमान लगा सकते हैं?
उत्तर: उस समय यात्रा के लिए साधन सीमित थे। लोग मुख्य रूप से —
- पैदल
- बैलगाड़ी
- नाव या नदी मार्ग का उपयोग करते थे।
प्रश्न 4. कल्पना कीजिए कि यदि हड़प्पा के किसी पुरुष या महिला को हम आज के भारत के सामान्य रसोईघर में ले आएँ, तो उन्हें सबसे बड़े चार या पाँच आश्चर्य क्या लगेंगे?
- गैस स्टोव और बिजली से चलने वाले उपकरण देखकर।
- रेफ्रिजरेटर (फ्रिज) देखकर।
- स्टील और काँच के बर्तनों से।
- पैकेट में बंद भोजन देखकर।
- नल से बहता पानी देखकर।
प्रश्न 5. इस अध्याय के सभी चित्रों पर दृष्टि डालते हुए उन आभूषणों / हावभावों / वस्तुओं की सूची बनाइए, जो अभी भी 21वीं शताब्दी में परिचित प्रतीत होती हैं।
- चूड़ियाँ और हार
- मिट्टी के बर्तन
- कपड़े बुनने की कला
- खिलौने और खेल
- नृत्य और संगीत
प्रश्न 6. धौलावीरा के जलाशयों की प्रणाली क्या सोच प्रतिबिंबित करती है?
उत्तर: धौलावीरा के जलाशय दिखाते हैं कि हड़प्पावासी जल संरक्षण और प्रबंधन में बहुत कुशल थे। वे बारिश के पानी को जमा कर उसका उपयोग करते थे। यह उनकी वैज्ञानिक सोच और योजना दर्शाता है।
प्रश्न 7. मोहनजोदड़ो में ईंटों से निर्मित 700 कुओं की गणना की गई है। ऐसा लगता है कि उनका नियमित रूप से रख-रखाव किया जाता रहा। इस तथ्य पर विचार कीजिए।
उत्तर: यह तथ्य बताता है कि हड़प्पावासी सफाई और जल प्रबंधन को बहुत महत्व देते थे। वे मेहनती, संगठित और जिम्मेदार नागरिक थे। नगर प्रशासन अच्छी तरह काम करता था।
प्रश्न 8. सामान्यतः यह कहा जाता है कि हड़प्पावासियों में नागरिकता का उच्च भाव था। इस कथन के महत्व पर विचार कीजिए। क्या आप इससे सहमत हैं?
उत्तर: हाँ, यह सही है क्योंकि –
- हड़प्पावासियों ने साफ-सुथरे घर, नालियाँ, कुएँ और सार्वजनिक स्थल बनाए।
- वे समाज के हित में मिलजुलकर काम करते थे।
- इससे स्पष्ट होता है कि उनमें नागरिकता और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना थी।
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